29.1 C
Delhi
Monday, February 16, 2026

बहराइच कांड के आरोपी सरफराज की बहन ने कहा : सब योगी सरकार पर छोड़ दिया, जो करेंगे सही करेंगे

बहराइच कांड के आरोपी सरफराज की बहन ने कहा : सब योगी सरकार पर छोड़ दिया, जो करेंगे सही करेंगे

बहराइच। 
तहलका 24×7 
               हमने सब कुछ अब योगी सरकार पर छोड़ रखा है। वह जो भी करेंगे सही करेंगे। मेरा परिवार आरोपी है या उन्होंने अपने बचाव में ये किया है? सरकार इस बात को समझे, पूरे मामले की जांच करे। हमारा पक्ष भी सुना जाए। यह भी हो सकता है गोली किसी और ने मारी हो, फायरिंग उस तरफ से भी हुई थी। एकतरफा कुछ भी नहीं हुआ, ये बयान है आरोपी की बहन रुखसार के।
मूर्ति विसर्जन के दौरान 13 अक्टूबर को बवाल शुरू हुआ।इसमें रामगोपाल मिश्र नाम के युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हत्या के बाद हिंसा बढ़ गई और इलाके में तोड़फोड़-आगजनी शुरु हो गई। देखते ही देखते हजारों लोग लाठी-डंडे लेकर सड़कों पर उतर आए। हिंसा का दौर अगले दिन भी चला। हालात कंट्रोल करने के लिए डीएम, एसपी पुलिस के साथ पीएसी, आरएएफ मैदान में उतरी। खुद एसटीएफ चीफ पिस्टल लिए उपद्रवियों को खदेड़ते नजर आए। स्थिति कुछ सामान्य हुई तो रामगोपाल के कातिलों की खोज तेज हुई।
इस कड़ी में 17 अक्तूबर को पांच हत्यारोपियों को गिरफ्तार किया गया।एनकाउंटर के दौरान इनमें दो के पैर में गोली लग गई, जिनके नाम सरफराज और तालीम हैं।बताया जा रहा है कि सरफराज वही युवक है जिसने रामगोपाल मिश्र पर गोली चलाई थी।पोस्टमार्टम में गोली लगने से ही रामगोपाल की मौत की पुष्टि हुई है। रामगोपाल को जिस छत पर गोली मारी गई वो अब्दुल हमीद का घर है। सरफराज उसका बेटा है। खुद सरफराज की बहन रुखसार ने कहा कि भाई ने गोली जरूर चलाई थी लेकिन किसी हत्या के लिए नहीं बल्कि आत्मरक्षा के लिए। क्योंकि घर के बाहर उग्र भीड़ थी। छत पर खड़ा युवक आंगन में आने की कोशिश कर रहा था और अनहोनी हो गई।
रुखसार ने कहा कि इस पूरे मामले में मेरे पति ओसामा और देवर शाहिद की क्या गलती है, आखिर उन्हें क्यों एसटीएफ ने उठाया है। पुलिस सही से पूरे मामले की जांच करे और बताए कि मेरे देवर और पति ने क्या किया है, वो तो घटना वाली जगह पर भी नहीं थे। पुलिस ने पिता अब्दुल हमीद, भाई सरफराज और एक अन्य को उठाकर ले गई। जबकि देवर और पति को 14 अक्टूबर को उठाया। रुखसार ने कहा हमने सब कुछ अब योगी सरकार पर छोड़ रखा है। वह जो भी करेंगे सही करेंगे। मेरा परिवार आरोपी है या उन्होंने अपने बचाव में ये किया है? सरकार इस बात को समझे, पूरे मामले की जांच करे। हमारा पक्ष भी सुना जाए। यह भी हो सकता है गोली किसी और ने मारी हो, फायरिंग उस तरफ से भी हुई थी। एकतरफा नहीं हुआ कुछ।
रुखसार ने कहा कि मृतक को कई गोलियां मारी गईं। करंट लगाया गया, यह सब गलत है। ऐसा नहीं हुआ। सैकड़ों लोगों की भीड़ जिस घर पर हमला करेगी तो वहां रहने वाला इंसान अपने बचाव में क्या करेगा।लेकिन किसी को भी मारा जाना जस्टिफाई नहीं किया जा सकता है, अनहोनी थी, हो गई। जो हुआ बचाव में हुआ। कहा घटना में परिवार के शामिल होने पर हमें दुख है। मेरे परिवार ने आंगन से गुहार भी लगाई कि हमें बचा लो, ये भीड़ हमें मार देगी। बगल के एक लड़के सरोज ने मेरे परिवार की मदद की लेकिन बाद में भीड़ ने उसे भी मारा, उसका सिर फट गया।

तहलका संवाद के लिए नीचे क्लिक करे ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓ ↓

Loading poll ...

Must Read

Tahalka24x7
Tahalka24x7
तहलका24x7 की मुहिम... "सांसे हो रही है कम, आओ मिलकर पेड़ लगाएं हम" से जुड़े और पर्यावरण संतुलन के लिए एक पौधा अवश्य लगाएं..... ?

रामलीला मैदान के सुंदरीकरण पर खर्च होंगे दो करोड़ दस लाख रुपए

रामलीला मैदान के सुंदरीकरण पर खर्च होंगे दो करोड़ दस लाख रुपए # पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर विकास योजनांतर्गत होगा...

More Articles Like This