हज़रत फ़ातिमा ज़हरा की शहादत पर पांच दिवसीय मजलिस सम्पन्न
शाहगंज, जौनपुर।
एखलाक खान
तहलका 24×7
भादी ख़ास मोहल्ला स्थित मस्जिद औलाद-ए-हुसैन में रसूले अकरम हज़रत मोहम्मद साहब की बेटी हज़रत फ़ातिमा ज़हरा के शहादत की याद में 22 से 26 नवंबर तक पांच दिवसीय मजलिस का आयोजन किया गया। प्रतिदिन शुरु हुई मजलिस की शुरुआत मोहम्मद सैफ़ द्वारा कुरान की तिलावत से हुई, जबकि मरसिया एहतशाम हुसैन और उनके हमनवां ने पेश किया।

हर दिन अलग-अलग धर्मगुरुओं ने मजलिस को संबोधित किया, जिनमें मौलाना सैयद आबिद रिज़वी फतेहपुर, मौलाना जाफ़र मेहदी कुम्मी, मौलाना सैयद आबिद हैदर आबिदी खनवाई, मौलाना तौसीफ़ अली बनारस, ज़ाकिर, डॉ. अबरार हुसैन शामिल रहे। अंतिम दिन फैजाबाद से आए मौलाना वसी हसन खान ने बयान पेश किया। अपने बयान में मौलाना ने कहा कि हज़रत फ़ातिमा ज़हरा दुनिया की तमाम औरतों के लिए बेहतरीन नमूना-ए-अमल हैं।

उन्होंने मोहम्मद साहब की हदीस बयान करते हुए बताया कि फ़ातिमा अपने बाप की मां हैं। मौलाना ने हज़रत फ़ातिमा पर हुए अत्याचारों का जिक्र किया तो उपस्थित लोगों की आंखें नम हो गईं। माहौल ग़मगीन हो उठा और लोगों ने इमाम-ए-वक़्त को पुरसा पेश किया। मजलिस के बाद नौहा व मातम हुआ।

इस दौरान शायर खुशनूद भादवी, असीर जौनपुरी, हसीन भादवी, जफर भादवी, इकबाल भादवी, फसाहत जौनपुरी, मेंहदी भादवी, मुदस्सिर जौनपुरी, सैफ नवाब जौनपुरी, राशिद भादवी ने अपने कलाम पेश किए। कार्यक्रम का संचालन हुसैन अब्बास भादवी ने किया। आयोजन का प्रबंधन मकतबे फातिमी भादी शाहगंज की ओर से किया गया।








