प्रयागराज : सरेराह ईंट-पत्थर से कूंचकर युवक को उतारा मौत के घाट
प्रयागराज।
आर एस वर्मा
तहलका 24×7
कैंट क्षेत्र स्थित महिला ग्राम इंटर कॉलेज के समीप अंकित यादव (17) की ईंट-पत्थर से कूंचकर हत्या कर दी गई। वह मंगलवार रात दो दोस्तों के साथ बाइक से शहर आ रहा था तभी वारदात की गई। हमले में दोस्त भी जख्मी हुए हैं जिन्हें एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अंकित पुत्र अयोध्या यादव शिवपुर हौली, टीपी नगर धूमनगंज का रहने वाला था। मंगलवार रात दोस्त रामबाग कीडगंज निवासी गोविंदलाल व अमन कुमार निवासी मुंडेरा मंडी उसके घर गए थे। रात करीब 11 बजे तीनों बाइक पर सवार होकर सिविल लाइंस स्थित होटल में जाने लगे।

तीनों सुलेमसराय स्थित दुकान पर रुककर सिगरेट पीने लगे। इसी दौरान स्कूटी सवार तीन युवक आए। आरोप है कि नशे में धुत युवक गाली-गलौज कर रहे थे। विरोध पर वह अंकित व उसके दोस्तों से विवाद करने लगे। उस समय वहां मौजूद लोगों ने बीच-बचाव किया तो स्कूटी सवार चले गए। कुछ देर बाद जैसे ही अंकित व उसके साथी आगे बढ़े, महिला ग्राम इंटर कॉलेज के पास पहले से मौजूद स्कूटी सवार युवकों ने उन्हें रोक लिया। वह कुछ समझ पाते, इससे पहले ही उनके 15-20 अन्य साथी आ गए और फिर सभी ने हमला बोल दिया।

भागने की कोशिश में अंकित व अमन वहीं गिर गए जबकि गोविंद को हमलावरों ने दौड़ा कर पकड़ लिया। इसके बाद तीनों को घेरकर लाठी-डंडों के साथ ही ईंट-पत्थर से वार करना शुरू कर दिया। तीनों के खून से लथपथ हो जाने पर हमलावर धमकी देते हुए भाग निकले।

सूचना पर धूमनगंज पुलिस पहुंची और घटनास्थल कैंट क्षेत्र में होने की जानकारी मिलते ही कैंट थाने की पुलिस भी पहुंच गई। पुलिस तीनों को एसआरएन अस्पताल ले गई जहां अंकित को मृत घोषित कर दिया गया। उधर उसके दोनों दोस्तों को भर्ती कर लिया गया।

पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू की तो पता चला कि हमलावर स्थानीय थे। स्कूटी सवार जिन युवकों से मृतक व उसके साथियों का विवाद हुआ, उनमें नन्ना, मोहित और राहुल शामिल थे। आरोप है कि सिगरेट की दुकान पर विवाद के बाद उन्होंने ही अपने दोस्तों दीपू, पीकू, सतीश, ऋषभ, विशाल, विवेक, उमेश व अन्य अज्ञात संग मिलकर वारदात की। सभी आरोपी महिला ग्राम कॉलेज के आस-पास के रहने वाले हैं। सीओ सिविल लाइंस एनएन सिंह ने बताया कि आरोपियों की तलाश की जा रही है।

युवक की सरेआम हत्या की वारदात कैंट व धूमनगंज पुलिस की सक्रियता पर भी सवाल खड़े करती है। घटना जीटी रोड पर रात 11 बजे के करीब हुई। सवाल यह है कि त्योहार पर हाईअलर्ट के माहौल में भी आखिर कैसे पुलिस को भनक नहीं लगी। कैसे लाठी डंडों से लैस दो दर्जन हमलावर रोड पर जमा हो गए और युवक को मौत के घाट उतार दिया।








