जौनपुर : खेत में पराली जलाने से नष्ट हो जाती है मिट्टी उर्वरकता- डॉ संजीत
केराकत।
विनोद कुमार
तहलका 24×7
क्षेत्र के ग्राम अमिहित स्थित कृषि विज्ञान केन्द्र में शुक्रवार को इन सीट फसल अवशेष प्रबन्धन जिला स्तरीय किसान गोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पूर्व विधायक दिनेश चौधरी ने किसानों को आधुनिक कृषि अपनाने की अपील करते हुए सरकार द्वारा किसानों के हित में चलायी जाने वाली योजनाओं की पारदर्शिता और उनके लाभ व सरकार की उपलब्धियों को गिनाया।

गोष्ठी में दूर दराज से आये किसानों को केन्द्र पर उपस्थित केंद्राध्यक्ष वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ संजीत कुमार ने फसल पैदावार के बाद बचे कृषि अवशेषों के निस्तारण की विस्तृत जानकारी दिया। किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि मिट्टी में उपस्थित जीवांश पराली जलाने से घट जाता है। दलहनी फसलों की जड़ो में नाइट्रोजन संचय होता है। फसलों के अवशेष का सही प्रबन्धन नहीं किये जाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति नष्ट हो जाती है। जिसका सीधा असर किसान की पैदावार पर पड़ता है और किसान को आर्थिक रूप से कमजोर करता है। इस अवसर पर डॉ सुरेश कुमार कन्नौजिया, डॉ सन्दीप कुमार, दिनेश कुमार, अनिल कुमार, अमित कुमार सिंह, सचिन यादव, प्रदीप यादव, विवेक सिंह, वरुण कुमार संजय सिंह, सर्वेश दीक्षित, संध्या सिंह, सुभाष यादव,गामा सरोज समेत तमाम जागरूक किसान उपस्थित रहे।


















