सुल्तानपुर। ज़ेया अनवर तहलका 24×7 बल्दीराय ब्लॉक क्षेत्र धनपतगंज की देहली ग्राम पंचायत में प्रधान पद के चुुनाव की मतगणना में धांधली के आरोप में हाईकोर्ट में याचिका दाखिल हुई थी। याचिका पर सुनवाई के बाद कोर्ट ने एसडीएम को इस पर फैसला लेने का आदेश दिया था। मामले में 16 महीने बाद पुनर्मतगणना का फैसला आया।
पंचायत चुनाव में तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत देहली अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित थी। ग्राम पंचायत से 17 उम्मीदवारों ने नामांकन पत्र दाखिल किया था। इनमें से तीन ने अपना नामांकन वापस ले लिया था। चुनाव में बनाए गए पांच बूथों की मतगणना दो टोलियों की ओर से दिन व रात में की गई थी। आरोप है कि शुरुआत में की गई मतों की गणना को अंतिम में की गई गणना में शामिल नहीं किया गया।
महज दो बूथों की 794 मतों की गणना के आधार पर प्रधान पद का नतीजा घोषित कर दिया गया। तीन बूथों के मतों की गणना शामिल न किए जाने के आरोप में गांव निवासी विशाल शुक्ल ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। हाईकोर्ट ने मामले को निस्तारित करने के लिए उप जिलाधिकारी बल्दीराय को आदेश दिया था। एसडीएम की अदालत में सुनवाई के दौरान विशाल शुक्ल के अधिवक्ता बृजेश कुमार यादव ने अपना पक्ष रखते हुए पुनर्मतगणना को जायज बताया। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद उप जिलाधिकारी वंदना पांडेय ने देहली ग्राम पंचायत की मतगणना 28 सितंबर को कराने का आदेश दिया है। मतों की गिनती बल्दीराय ब्लॉक सभागार में सुबह नौ बजे से होगी।
ग्राम पंचायत प्रधान पद के हुए आम चुनाव में नतीजे में गड़बड़ी के मामले को लेकर बल्दीराय तहसील क्षेत्र की आठ ग्राम पंचायतों के मुकदमे एसडीएम की अदालत में अभी विचाराधीन हैं। इनमें धनपतगंज ब्लॉक की छह ग्राम पंचायतों गरथौली, रसहरा, पीरोसरैया, पिपरी साईंनाथपुर, भटकौली और बल्दीराय ब्लॉक की जरईकलां व फत्तेपुर ग्राम पंचायत शामिल हैं।