जौनपुर : विकार के प्रवेश से परमात्मा से बनती है दूरी- पं. गोविंद शास्त्री
तेजीबाज़ार।
संदीप गुप्ता
तहलका 24×7
क्षेत्र अंतर्गत कपूरपुर गावं में हो रहे पांच दिवसीय संगीतमयी श्रीराम कथा के अंतिम दिन मंगलवार की कथा में पं. गोविंद शास्त्री महराज जी ने कहा कि जीवन में काम, क्रोध और लोभ जब आते है तो परमात्मा हमारे जीवन से दूर हो जाते हैं।

जब ये विकार अयोध्या में प्रवेश किये तब प्रभु श्रीराम का वनवास हो गया। जब महराज दशरथ में काम आ गया, कैकेई में क्रोध आ गया, मंथरा में लोभ आ गया तो भगवान् अवध को छोड़ कर चले गये। इसी प्रकार से जब हमारे भी जीवन में काम क्रोध लोभ आते है तो भगवान हमारे जीवन से चले जाते हैं आदि कथा सुनाते हुए महराज जी ने अपनी वाणी को विश्राम दिया।

कथा आयोजकर्ता आजाद सिंह, धर्मेंद्र सिंह (राज ग्रुप) ने सभी श्रोतागणों का अभिवादन कर सभी भक्तगणो में प्रसाद का वितरण करवाया। कथा कार्यक्रम का संचालन श्याम नारायण गुप्ता ने बखूबी मंच किया। अंतिम दिन की कथा का रसपान करने पं. हरिशंकर शुक्ला, विनोद सेठ, दीप चंद्र, शनि, सौरभ सिंह, सन्दीप सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में रामभक्त उपस्थित रहे।
















