निलंबन बहाली में घूस लेने के आरोपी कंपनी कमांडर व कमांडेंट गिरफ्तार
जयपुर।
तहलका 24×7
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने राजधानी जयपुर में बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए होमगार्ड के कंपनी कमांडर और कमांडेंट को 25 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। कंपनी कमांडर ने कमांडेंट के कमरे में रिश्वत के 25 हजार रुपए लिए थे। परिवादी होमगार्ड का निलंबित जवान है। उसका निलंबन बहाल करने और अनुशासनात्मक कार्रवाई ड्रॉप करने की एवज में उससे रिश्वत की रकम ली गई।

एसीबी के एएसपी ओमप्रकाश किलानिया ने बताया कि होमगार्ड के एक सिपाही से दो लाख रुपए की रिश्वत मांगी गई थी। कमांडेंट (एएसपी) नवनीत जोशी के कहने पर कंपनी कमांडर चंद्रपाल सिंह ने परिवादी से रिश्वत मांगी। उन्होंने बताया कि पहले परिवादी से आठ लाख रुपए रिश्वत मांगी गई थी, बाद में दो लाख रुपए आठ किस्तों में देना तय हुआ। उन्होंने बताया कि परिवादी ने इस पूरे मामले की शिकायत एसीबी के डीआईजी राहुल कोटकी से की।

एसीबी की एडीजी स्मिता श्रीवास्तव के निर्देशन में शिकायत का सत्यापन करवाया गया। सत्यापन में शिकायत सही पाए जाने पर ट्रैप की कार्रवाई को अंजाम दिया गया।एसीबी की टीम ने परिवादी को 25 हजार रुपए देकर आरोपियों को देने के लिए भेजा। आरोपी कंपनी कमांडर चंद्रपाल सिंह ने एमआई रोड स्थित होमगार्ड ट्रैनिंग सेंटर पर कमांडेंट नवनीत जोशी के कमरे में बैठकर परिवादी से रिश्वत की रकम ली।

जैसे ही परिवादी से आरोपियों ने रकम ली। घात लगाकर बैठी एसीबी टीम ने दोनों को रिश्वत की रकम के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। टीम दोनों अधिकारियों से पूछताछ में जुटी है। उन्होंने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर अनुसंधान किया जाएगा। आरोपियों के कार्यालय और अन्य ठिकानों पर भी तलाशी ली जा रही है।

















