15 साल पुराने गैर इरादतन हत्या के मामले में दो को 10-10 साल की सजा
जौनपुर।
गुलाम साबिर
तहलका 24×7
वर्ष 2011 के गैर इरादतन हत्या मामले में अपर सत्र न्यायाधीश चतुर्थ/विशेष न्यायाधीश ई.सी. एक्ट की अदालत ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए दो अभियुक्तों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास और 31-31 हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार,मु.अ.सं. 798/2011 में अभियुक्तों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 323,452,304(2) एवं 34 के तहत आरोप तय किए गए थे।

सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर न्यायालय ने राममिलन पुत्र रामआधार तथा राकेश राजभर पुत्र विश्वनाथ राजभर,निवासी कलापुर,थाना खेतासराय,जनपद जौनपुर को दोषी करार दिया। अदालत ने दोनों अभियुक्तों को प्रत्येक को 10 वर्ष के कठोर कारावास तथा 31-31हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया।न्यायालय ने यह भी निर्देश दिया कि यदि अभियुक्त अर्थदंड जमा नहीं करते हैं तो उन्हें छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।


















