सूदखोरों से परेशान युवक ने एसपी कार्यालय में पी लिया पेट्रोल
# न्याय न मिलने पर आत्मघाती कदम की कोशिश
बस्ती।
तहलका 24×7
जिले में सूदखोरी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है।बेटे के इलाज के लिए महज 10 हजार रुपये उधार लेने वाला एक परिवार पिछले पांच वर्षों से अपना घर छोड़कर किराये के मकान में रहने को मजबूर है।पीड़ित का आरोप है कि मूलधन और ब्याज का भुगतान करने के बावजूद सूदखोर उससे 80 हजार रुपये की अतिरिक्त मांग कर रहे हैं तथा लगातार जान से मारने की धमकी दे रहे हैं।

दुबौलिया थाना क्षेत्र के पाही माफी गांव निवासी सुरेश कुमार के अनुसार,बेटे के पैर में संक्रमण के इलाज के लिए उसने गांव के तीन लोगों से ब्याज पर 10 हजार रुपये उधार लिए थे।इलाज के बाद वह धीरे-धीरे रकम चुकाता रहा, लेकिन ब्याज बढ़ता गया।सुरेश का आरोप है कि वह मूलधन समेत काफी धनराशि दे चुका है,फिर भी सूदखोर हिसाब खत्म नहीं कर रहे हैं और अब 80 हजार रुपये बकाया बताकर दबाव बना रहे हैं।

पीड़ित परिवार का कहना है कि धमकियों से तंग आकर वह पिछले पांच साल से गांव छोड़कर बस्ती शहर में किराये के मकान में रह रहा है।गांव में रह रहे उसके बुजुर्ग पिता को भी कथित रुप से लगातार धमकियां दी जा रही हैं।सुरेश ने आरोप लगाया कि सूदखोरों के भय के कारण वह अपनी बड़ी मां के अंतिम संस्कार में भी शामिल नहीं हो सका।लगातार प्रताड़ना और कार्रवाई न होने से आहत सुरेश पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचा। वहां उसने न्याय मार्ग पर अपने ऊपर पेट्रोल छिड़क लिया और पेट्रोल पीकर आत्मघाती कदम उठाने की कोशिश की।

मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए उसे बचा लिया और उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।क्षेत्राधिकारी सत्येंद्र भूषण तिवारी ने बताया कि पैसों के लेनदेन के विवाद में व्यक्ति ने अपने ऊपर ज्वलनशील पदार्थ छिड़क लिया था।पुलिस ने उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया है।उन्होंने बताया कि पुलिस अधीक्षक ने संबंधित थाने को मामले की जांच कर आवश्यक विधिक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

















