जौनपुर : डेंगू के मामले में जौनपुर पूर्वांचल में शीर्ष पर, मिले 390 संक्रमित 

जौनपुर : डेंगू के मामले में जौनपुर पूर्वांचल में शीर्ष पर, मिले 390 संक्रमित 

जौनपुर।
विश्व प्रकाश श्रीवास्तव 
तहलका 24×7 
          डेंगू संक्रमण के मामले में जिले की स्थिति बेहद खराब है। प्रशासन एंटी लार्वा के छिड़काव, फागिंग के जरिए बीमारी को नियंत्रित करने का भले ही दावा करे लेकिन स्थिति खस्ता है। पूर्वांचल के जिलों में सबके खराब हालत डेंगू के मामले में जौनपुर की ही है। अब तक 390 मरीजों की पुष्टि हुई है।
डेंगू के सर्वाधिक मरीजों वाले जनपदों में जौनपुर छठवें नंबर पर है। 12 अगस्त को बदलापुर में पहला डेंगू का मरीज मिला था। उसके बाद से कस्बे में डेेंगू का लार्वा नष्ट कराने का अभियान चलाया गया लेकिन मरीजों की संख्या पर काबू नही हो पाया। बदलापुर सीएचसी में होने वाली जांच में प्रतिदिन 15-20 मरीज मिलते थे। स्वास्थ्य विभाग विभाग ने कुल 13 हजार 554 लोगों की डेंगू की जांच कराई। इसमें प्राथमिक जांच में 1726 लोगों में डेंगू के लक्षण मिले। बीएचयू में एलाइजा जांच में 390 मरीजों के डेंगू की पुष्टि हुई। प्रयागराज को छोड़कर आसपास के किसी जनपद में इतने मरीज नहीं मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों में अब तक किसी की मौत नहीं हुई है लेकिन चार लोगों के परिजनों ने डेंगू से मौत का दावा किया है।
मीरगंज क्षेत्र के बामी गांव में शुक्रवार को शैलेश पाल (18) की मौत हो गई। परिवार वालों का कहना है कि युवक की मौत डेंगू से हुई है। वह एक सप्ताह पहले मुंबई से गांव आया था। बुखार की शिकायत होने पर प्रयागराज के एक निजी चिकित्सालय में इलाज कराया जा रहा था। स्वास्थ्य में सुधार नहीं हुआ तो उसे पीजीआई लखनऊ के लिए रेफर कर दिया गया जहां रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।
स्वास्थ्य विभाग से जारी रिपोर्ट के अनुसार लखनऊ में सर्वाधिक 1740 मरीज मिले हैं। दूसरे नंबर पर प्रयागराज है। यहां 1611 केस मिल चुके हैं। तीसरे पर अयोध्या, चौथे पर गाजियाबाद ओर पांचवें पर कानपुर है। छठवें नंबर पर जौनपुर है, जहां 390 मरीज पाए गए हैं।। वाराणसी प्रदेश में आठवें नंबर पर है, जहां अब तक 376 केस मिल चुके हैं।
संचारी रोगों के प्रसार को देखते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीकला धनंजय सिंह ने डेंगू रोकथाम के लिए अभियान की शुरूआत की है। खुटहन, पट्टीनरेंद्रपुर, पटियाला, विशुनपुर, पिलखिनी नई बाजार, पीलखिनी गांव, दिहिया गांव, पिलखिनी पुरानी बाजार आदि स्थानों पर एंटी लार्वा दवा का छिड़काव कराया गया है। अपर मुख्य अधिकारी के अनुसार जहां डेंगू के मामले ज्यादा हैं, वहां ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है।
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