जौनपुर : अटाला मस्जिद के बाहरी हिस्से में बनी 65 दुकानें हटेंगी
जौनपुर।
विश्व प्रकाश श्रीवास्तव
तहलका 24×7
शहर की ऐतिहासिक अटाला मस्जिद को मूल स्वरूप में लाने के लिए बाहरी हिस्से में बनाई गई 65 दुकानों को खाली कराने की तैयारी है। इसके लिए नोटिस जारी किया जाएगा। इसके लिए प्रशासनिक कवायद भी शुरू हो गई है।शहर में स्थित अटाला मस्जिद से भी जनपद की भी पहचान होती है। इसकी ऊंचाई 100 फीट से अधिक है। प्रशासन के मुताबिक, अटाला मस्जिद को 1919 में ही पुरातत्व विभाग पटना की संपत्ति घोषित कर दी गई थी। आजादी के बाद सारनाथ में खुले कार्यालय को इसे स्थानांतरित कर दिया गया। जिम्मेदारों की उपेक्षा के कारण इस तरह विशेष ध्यान नहीं दिया गया।

इधर, मस्जिद के आस-पास 65 दुकानें बनाकर लोगों ने अटाला मस्जिद के मूल स्वरूप को बदल दिया। प्रशासन का ही मानना है कि आज जिसे दुकान कहा जा रहा है, वो मस्जिद का हिस्सा है। वहीं, कुछ माह पहले एक वायरल वीडियो के बाद प्रशासन अटाला मस्जिद को लेकर गंभीर हो गया। पुरातत्व विभाग के भी अधिकारी आए और इसके बाद प्रशासन ने यहां की सुधि लेनी शुरू कर दी। एक माह पहले जेसीबी लेकर अटाला मस्जिद के बाहर बनीं 65 दुकानें में लगे टिनशेड आदि को हटावा दिया गया। इसके बाद अब मस्जिद की सुंदरता को और बढ़ाने के लिए इन दुकानों को अवैध मानने लगा है, क्योंकि प्राचीन स्मारक तथा पुरातत्व स्थल और अवशेष अधिनियम 1958 के तहत कोई भी व्यक्ति चाहे वह देख-रेख करना वाला ही क्यों न हो, वो उसके मूल स्वरूप को नहीं बदल सकता है। जबकि प्रशासन के मुताबिक अटाला मस्जिद के बाहर जहां आज 65 दुकानें हैं। वहां पहले बरामदा बताया जा रहा है। ऐसे में अब प्रशासन इस स्थान को मूल रूप में लाने की कवायद शुरू कर दिया है।

# वीडियो और फोटो बनाकर ले जा चुके हैं अधिकारी
भारतीय पुरातत्व विभाग के अधिकारियों का भी दौरा हो चुका है। उन्होंने इस ऐतिहासिक स्थल पर कहां और क्या-क्या कार्य कराना है, को आंकलित कर लिया है। साथ ही इसके लिए फोटो और वीडियो बनाकर भी अपने साथ ले गए हैं, जो प्रस्ताव तैयार करके भेज भी दिए हैं। बजट मिलते ही भारतीय पुरातत्व विभाग कार्य भी जल्द शुरू कर देगा।

















