अदालती बहिष्कार के बीच भी जारी रहेगी सुनवाई,हाई कोर्ट करेगा एमिकस क्यूरी नियुक्त
नई दिल्ली।
तहलका 24×7
चर्चित शराब नीति मामले में सुनवाई के दौरान बड़ा घटनाक्रम सामने आया है।आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल,मनीष सिसोदिया और उनके सहयोगी दुर्गेश पाठक द्वारा अदालत की कार्यवाही का बहिष्कार किए जाने के बावजूद सुनवाई टालने से इनकार कर दिया गया है।दिल्ली हाई कोर्ट की जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की पीठ ने स्पष्ट किया कि आरोपियों की अनुपस्थिति के बावजूद अदालत की कार्यवाही जारी रहेगी।

कोर्ट ने कहा,निष्पक्ष सुनवाई सुनिश्चित करने के लिए तीन वरिष्ठ वकीलों को एमिकस क्यूरी (अदालत का मित्र) के रुप में नियुक्त किया जाएगा।अदालत ने कहा कि एमिकस क्यूरी यह सुनिश्चित करेंगे कि आरोपियों का पक्ष अदालत के सामने रखा जाए,भले ही वे स्वयं उपस्थित न हों।कोर्ट ने संकेत दिया कि शुक्रवार को एमिकस क्यूरी की नियुक्ति को लेकर औपचारिक आदेश पारित किया जाएगा,जिसके बाद मामले की आगे सुनवाई होगी।

# क्या होता है एमिकस क्यूरी?
एमिकस क्यूरी एक अनुभवी और वरिष्ठ वकील होता है, जिसे अदालत किसी मामले में सहायता के लिए नियुक्त करती है। वह किसी भी पक्ष का प्रतिनिधित्व नहीं करता, बल्कि कानूनी पहलुओं को स्पष्ट करने और निष्पक्ष सुनवाई में सहयोग देता है।

















